पीएम-किसान सम्मान निधि: पात्रता, लाभ, दस्तावेज़ और आवेदन कैसे करें
Updated: 24 September 2026 · Last Verified: 24 September 2026 · By: Akshay Kumar, Editor
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- संक्षिप्त उत्तर
- मुख्य जानकारी एक नज़र में
- पीएम-किसान क्या है?
- लाभ
- पात्रता
- पीएम-किसान का लाभ अस्थायी रूप से क्यों रोका जा सकता है?
- ज़रूरी दस्तावेज़
- आवेदन कैसे करें
- आवेदन का तरीका
- महत्वपूर्ण तारीखें
- अपनी पीएम-किसान स्टेटस कैसे चेक करें
- आधिकारिक स्रोत
- ज़रूरी बातें
- संबंधित योजनाएं
- अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
संक्षिप्त उत्तर
पीएम-किसान (प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि) केंद्र सरकार की एक योजना है, जिसके तहत पात्र भूमिधारक किसान परिवारों को हर साल ₹6,000 की आर्थिक सहायता दी जाती है, जो ₹2,000 की तीन किस्तों में सीधे उनके बैंक खाते में भेजी जाती है। यह योजना दिसंबर 2018 से चल रही है और पूरी तरह केंद्र सरकार द्वारा वित्त-पोषित है। 23वीं किस्त (20 जून 2026 को जारी) के अनुसार यह योजना अभी सक्रिय है, और आधिकारिक पीएम-किसान पोर्टल पर नए किसानों के लिए पंजीकरण की सुविधा उपलब्ध है।
मुख्य जानकारी एक नज़र में
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| योजना का नाम | पीएम किसान सम्मान निधि |
| योजना का प्रकार | केंद्र सरकार |
| मंत्रालय | कृषि एवं किसान कल्याण मंत्रालय, भारत सरकार |
| विभाग | कृषि एवं किसान कल्याण विभाग |
| लाभार्थी | भूमिधारक किसान परिवार |
| लाभ राशि | ₹6,000 प्रति वर्ष, ₹2,000 की 3 किस्तों में |
| भुगतान का तरीका | आधार से जुड़े बैंक खाते में सीधा लाभ हस्तांतरण (DBT) |
| आवेदन का तरीका | ऑनलाइन (स्वयं पंजीकरण) या CSC के माध्यम से |
| क्षेत्र | पूरे भारत में लागू |
| स्थिति | सक्रिय |
| आधिकारिक वेबसाइट | pmkisan.gov.in |
| अंतिम बार सत्यापित | 23 सितंबर 2026 |
पीएम-किसान क्या है?
पीएम-किसान योजना पात्र भूमिधारक किसान परिवारों को आय सहायता प्रदान करती है। इस आर्थिक सहायता का उद्देश्य किसानों की खेती और घरेलू ज़रूरतों में मदद करना है, और इसका फसल उत्पादन से होने वाली आय से कोई संबंध नहीं है।
यह एक केंद्रीय क्षेत्र की योजना है, यानी इसकी पूरी लागत भारत सरकार वहन करती है — राज्यों को इसमें आर्थिक योगदान नहीं करना पड़ता, हालांकि पात्र किसान परिवारों की पहचान और सत्यापन का काम राज्य सरकारें ही करती हैं।
पीएम-किसान के तहत “परिवार” का मतलब है पति, पत्नी और उनके नाबालिग बच्चे। यह लाभ प्रति परिवार दिया जाता है, न कि प्रति व्यक्ति किसान।
लाभ
पात्र परिवारों को हर साल ₹6,000 मिलते हैं, जो तीन बराबर किस्तों — हर किस्त ₹2,000 — में, लगभग हर चार महीने में दी जाती है। यह राशि प्रत्यक्ष लाभ हस्तांतरण (DBT) के ज़रिए सीधे किसान के बैंक खाते में जाती है — एक बार पंजीकरण और सत्यापन हो जाने के बाद हर किस्त के लिए अलग से आवेदन करने की ज़रूरत नहीं होती।
योजना की 23वीं किस्त 20 जून 2026 को जारी की गई थी। अगली किस्त की तारीख की अभी तक आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है — अनुमान पर भरोसा करने के बजाय समय आने पर pmkisan.gov.in पर आधिकारिक सूचना ज़रूर देखें।
पात्रता
कौन आवेदन कर सकता है?
- वे भूमिधारक किसान परिवार, जिनकी पहचान और सत्यापन संबंधित राज्य/केंद्र-शासित प्रदेश सरकार ने योजना के दिशा-निर्देशों के अनुसार किया हो।
कौन आवेदन नहीं कर सकता?
आधिकारिक दिशा-निर्देशों के अनुसार, भूमिधारिता चाहे जो भी हो, निम्नलिखित श्रेणियां इस योजना से बाहर रखी गई हैं:
- संस्थागत भूमिधारक
- संवैधानिक पद पर वर्तमान या पूर्व में रहे व्यक्ति
- वर्तमान या पूर्व मंत्री, सांसद, विधायक, विधान परिषद सदस्य, महापौर और जिला पंचायत अध्यक्ष
- केंद्र/राज्य सरकार के मंत्रालयों, विभागों, सार्वजनिक उपक्रमों और संबद्ध कार्यालयों में कार्यरत या सेवानिवृत्त अधिकारी और कर्मचारी (मल्टी-टास्किंग स्टाफ/चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों की कुछ श्रेणियों के लिए अलग नियम हैं — अपनी श्रेणी के लिए आधिकारिक सूचना ज़रूर देखें)
- ₹10,000 या उससे अधिक मासिक पेंशन पाने वाले सेवानिवृत्त पेंशनभोगी
- पिछले निर्धारण वर्ष में आयकर देने वाला कोई भी व्यक्ति
- पंजीकृत और सक्रिय रूप से काम कर रहे डॉक्टर, इंजीनियर, वकील, चार्टर्ड अकाउंटेंट और आर्किटेक्ट जैसे पेशेवर
अगर आपको यह समझ नहीं आ रहा कि आप किस श्रेणी में आते हैं, तो आवेदन करने से पहले आधिकारिक दिशा-निर्देश PDF में बहिष्करण सूची ज़रूर देख लें — गलत दावा करने पर सत्यापन के दौरान आपका पंजीकरण रद्द हो सकता है।
पीएम-किसान का लाभ अस्थायी रूप से क्यों रोका जा सकता है?
पीएम-किसान पोर्टल पर बताया गया है कि जिन मामलों में योजना की बहिष्करण शर्तें लागू होने की आशंका होती है, उन्हें भौतिक सत्यापन होने तक अस्थायी रूप से रोका जा सकता है। विभाग द्वारा बताए गए मौजूदा उदाहरणों में वे किसान शामिल हैं जिन्होंने 1 फरवरी 2019 के बाद ज़मीन का मालिकाना हक हासिल किया, और वे मामले जहां एक ही परिवार के एक से अधिक सदस्य (जैसे पति और पत्नी दोनों, या एक वयस्क सदस्य और एक नाबालिग) लाभ प्राप्त कर रहे हों। ऐसी स्थिति में किसानों को आधिकारिक पोर्टल, मोबाइल ऐप या किसान eMitra चैटबॉट पर “Know Your Status” देखकर अपने रिकॉर्ड की सही स्थिति जाननी चाहिए।
ज़रूरी दस्तावेज़
| दस्तावेज़ | क्यों ज़रूरी है |
|---|---|
| आधार कार्ड | पहचान सत्यापन के लिए — पंजीकरण के लिए UIDAI के साथ आधार प्रमाणीकरण अनिवार्य है |
| बैंक खाते का विवरण | आपका लाभ केवल आधार से जुड़े बैंक खाते में ही भेजा जाता है |
| भूमि स्वामित्व के दस्तावेज़ | पहचान प्रक्रिया के दौरान आपकी भूमिधारिता सत्यापित करने के लिए राज्य सरकार इसका उपयोग करती है |
इनके अलावा, सत्यापन के दौरान कुछ दस्तावेज़ राज्य के अनुसार थोड़े अलग हो सकते हैं — आधिकारिक पोर्टल और आपका स्थानीय कृषि कार्यालय राज्य-विशेष जानकारी की पुष्टि करेंगे।
आवेदन कैसे करें
- आधिकारिक पीएम-किसान पोर्टल (pmkisan.gov.in) पर जाएं।
- “New Farmer Registration” (स्वयं पंजीकरण) विकल्प खोलें।
- अपना आधार नंबर दर्ज करें — आगे बढ़ने से पहले इसे UIDAI से प्रमाणित किया जाएगा।
- अपनी व्यक्तिगत जानकारी, भूमि और बैंक खाते का विवरण भरें।
- फॉर्म जमा करें।
- इसके अलावा, आप अपने नज़दीकी कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) से, या जिन राज्यों में उपलब्ध हो वहां eMitra/eGramOne पोर्टल से भी पंजीकरण करा सकते हैं।
- eKYC पूरी करें — यह हर पंजीकृत किसान के लिए अनिवार्य है और इसे पीएम-किसान मोबाइल ऐप, CSC, या बायोमेट्रिक प्रमाणीकरण के ज़रिए किया जा सकता है।
- अपना पंजीकरण/संदर्भ नंबर संभाल कर रखें, ताकि बाद में आवेदन की स्थिति ट्रैक कर सकें।
पीएम-किसान में पंजीकरण के लिए किसी को भी पैसे न दें — आधिकारिक पोर्टल पर पंजीकरण पूरी तरह मुफ़्त है।
आवेदन का तरीका
आपके राज्य के अनुसार ऑनलाइन (पोर्टल पर स्वयं पंजीकरण) और ऑफ़लाइन (CSC, eMitra, या eGramOne के माध्यम से), दोनों तरीके उपलब्ध हैं।
महत्वपूर्ण तारीखें
आवेदन की अंतिम तिथि: पीएम-किसान पोर्टल पर फिलहाल आवेदन की कोई निश्चित अंतिम तिथि नहीं दिखाई गई है। आधिकारिक पोर्टल पर नए किसानों के लिए पंजीकरण की सुविधा अभी भी उपलब्ध है, आवेदकों को भविष्य में किसी भी बदलाव के लिए आधिकारिक पोर्टल ज़रूर देखते रहना चाहिए।
सबसे हाल की (23वीं) किस्त 20 जून 2026 को जारी हुई थी। अगली किस्त की तारीख की अभी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है — अफ़वाहों या अनौपचारिक अनुमानों पर भरोसा करने के बजाय आधिकारिक पोर्टल ज़रूर देखें।
अपनी पीएम-किसान स्टेटस कैसे चेक करें
आधिकारिक पीएम-किसान पोर्टल पर जाकर “Know Your Status” खोलें। अपना पीएम-किसान पंजीकरण नंबर और कैप्चा दर्ज करें, फिर अपने रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर पर आए OTP से सत्यापन करें। अगर आपको अपना पंजीकरण नंबर नहीं पता, तो अलग से दिए गए “Know Your Registration Number” विकल्प का उपयोग करें, जहां आप अपने रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर या आधार नंबर से इसे खोज सकते हैं। अगर eKYC लंबित है, तो पात्र होने के बावजूद भी आपका भुगतान रुक सकता है — पोर्टल पर यह स्थिति साफ़ तौर पर दिखाई देती है।
आधिकारिक स्रोत
यह लेख पीएम-किसान योजना को आसान भाषा में समझाने के लिए लिखा गया है। आवेदन करने या कोई भी निर्णय लेने से पहले अपनी पात्रता, मौजूदा किस्त की स्थिति और आवेदन से जुड़ी जानकारी हमेशा आधिकारिक सरकारी वेबसाइट पर जाकर ज़रूर सत्यापित करें।
- आधिकारिक वेबसाइट: pmkisan.gov.in
- नए किसान पंजीकरण: pmkisan.gov.in/RegistrationFormupdated.aspx
- Know Your Status: pmkisan.gov.in/BeneficiaryStatus_New.aspx
- Know Your Registration Number: pmkisan.gov.in/KnowYour_Registration.aspx
- आधिकारिक दिशा-निर्देश (PDF): Revised PM-KISAN Operational Guidelines
ज़रूरी बातें
- सभी पंजीकृत किसानों के लिए eKYC अनिवार्य है — इसके बिना, पात्र होने के बावजूद भी भुगतान रुक सकता है।
- भुगतान के लिए आपका बैंक खाता आधार से जुड़ा होना ज़रूरी है।
- पात्रता और बहिष्करण के नियम केंद्र स्तर पर तय होते हैं, लेकिन पहचान और सत्यापन का काम राज्य स्तर पर होता है, इसलिए प्रक्रिया में लगने वाला समय राज्य के अनुसार अलग हो सकता है।
- नियम और किस्त की राशि सरकार तय करती है और इनमें बदलाव हो सकता है — हमेशा नवीनतम जानकारी के लिए आधिकारिक वेबसाइट देखें।
संबंधित योजनाएं
- किसान योजनाएं — JanAvsara पर सभी किसान संबंधी योजनाओं के लेख देखें
- पात्रता गाइड — विभिन्न सरकारी योजनाओं के लिए पात्रता समझें
- पीएम फसल बीमा योजना (PMFBY) — उसी मंत्रालय की फसल बीमा योजना
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
पीएम-किसान के लिए कौन पात्र है?
वे भूमिधारक किसान परिवार जिनकी पहचान और सत्यापन उनकी राज्य सरकार ने किया हो, बशर्ते वे किसी बहिष्कृत श्रेणी में न आते हों, जैसे आयकर देने वाले या तय पेंशन सीमा से ऊपर पेंशन पाने वाले सरकारी पेंशनभोगी।
पीएम-किसान के तहत कितना लाभ मिलता है?
हर साल ₹6,000, जो ₹2,000 की तीन किस्तों में सीधे किसान के आधार से जुड़े बैंक खाते में भेजा जाता है।
क्या मैं पीएम-किसान के लिए ऑनलाइन आवेदन कर सकता हूं?
हां। आप आधिकारिक पोर्टल pmkisan.gov.in पर स्वयं पंजीकरण कर सकते हैं, या किसी कॉमन सर्विस सेंटर के माध्यम से आवेदन कर सकते हैं।
मुझे कौन से दस्तावेज़ चाहिए?
आधार (प्रमाणीकरण के लिए अनिवार्य), बैंक खाते का विवरण, और राज्य सरकार द्वारा सत्यापन के लिए भूमि स्वामित्व के दस्तावेज़।
क्या आवेदन की कोई अंतिम तारीख है?
आधिकारिक पीएम-किसान पोर्टल पर फिलहाल कोई निश्चित अंतिम तारीख नहीं दिखाई गई है। पोर्टल पर अभी नए किसान पंजीकरण की सुविधा उपलब्ध है, लेकिन किस्त केवल उन्हीं किसानों को मिलती है जो सत्यापित हैं और जिन्होंने eKYC पूरी कर ली है।
मैं अपनी पीएम-किसान स्थिति कैसे चेक करूं?
pmkisan.gov.in पर “Know Your Status” खोलें और अपना पीएम-किसान पंजीकरण नंबर दर्ज करें, फिर अपने रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर पर आए OTP से सत्यापन करें। अगर आपको पंजीकरण नंबर नहीं पता, तो “Know Your Registration Number” से अपने मोबाइल नंबर या आधार नंबर की मदद से इसे खोजें।
पंजीकृत होने के बावजूद मुझे किस्त क्यों नहीं मिली?
सबसे आम वजहें हैं — eKYC का लंबित होना, आधार-बैंक खाते में बेमेल, या राज्य सरकार द्वारा सत्यापन का लंबित होना — पोर्टल पर अपनी स्थिति देखकर सही वजह जानें।